नारियल पानी भगवन का एक वरदान है जिसके हर बून्द में सेहत ताजगी होती है । और जब स्वास्थ की बात आती है , तो सबको सबसे पहले याद आता है नारियल पानी । यह ताजगी और पोषण और प्राकृतिक...
Category: डाइट और फिटनेस
मूत्राशय; जो त्रिदोष संतुलन बनाय रखने ओर शरीर को विषाक्त पदार्थों से मुक्त रखने का प्रमुख केंद्र है
शरीर का एक महतपूर्ण अंग है मूत्राशय , जो की शरीर की शुद्धि ओर संतुलन मे बेहद महतपूर्ण भूमिका निभाता है । आयुर्वेद मे मूत्राशय को " मूत्राशय धातु " का हिस्सा माना गया है । जो त्रिदोष संतुलन बनाय...
अपेंडिक्स को “अन्नवह स्रोतस” (Digestive Channel) का भाग माना गया है, जो अन्न रस (Food Essence) के पाचन और अवशोषण में सहायक मन गया है
हमारे शरीर में कई ऐसे अंग हैं जिन्हें हम अक्सर नज़रअंदाज़ कर देते हैं, लेकिन जब वे समस्या देते हैं तो पूरा शरीर प्रभावित हो जाता है। ऐसा ही एक अंग है — अपेंडिक्स (Appendix)। यह एक छोटी सी ट्यूबनुमा...
चिरायता खून को साफ करने वाली बहुत कड़वी औषधि होती है
ये मलेरिया जैसे बुखार को पास आने नहीं देती लिवर पर भी इसका अच्छा कार्य है स्किन के मामले में भी शायद इससे अच्छी कोई औषधि हो चिरायता कुटकी को मिला कर लेने से स्किन के रोग दूर होते है...
शिलाजीत: फायदे, नुकसान और सावधानियां आइए जानते है
शिलाजीत हिमालय और कुछ अन्य पर्वतीय क्षेत्र की चट्टानों से निकलने वाला एक प्राकृतिक चिपचिपा पर्दाथ है। इसे आयुर्वेद में एक रसायन माना जाता है। जिसका अर्थ है कि यह शरीर पुनर्जीवित करने और दीर्घायु बनाने में मदद है। इसके कई लाभ है...
पुनर्नवा क्वाथ: एक प्राचीन औषधि, जिसके अनेक फायदे, लिवर और किडनी के लिए राम बाण है
पुनर्नवा क्वाथ एक पारंपरिक आयुर्वेदिक औषधि है, जिसे पुनर्नवा (Boerhavia diffusa) नामक पौधे की जड़ से बनाया जाता है। यह मुख्य रूप से शरीर में सूजन, मूत्र संबंधी समस्याओं और लिवर विकारों के इलाज के लिए इस्तेमाल होता है। यह...
आर्थराइटिस – जोड़ो का दुश्मन, समझिए और बचिए !
आज की भाग दौड़ और लचीलापन में गठिया (गठिया) यानी जोड़ों का दर्द और सूजन एक आम ओर गंभीर समस्या बन गई है। पहले इसे बुज़ुर्गों की बीमारी माना जाता था, लेकिन अब यह युवाओं और यहां तक कि बच्चों...
सहजन: जो की आज के जमाने का सुपरफूड कहा जाता है , सहजन एक, गुण अनेक! आयुर्वेद का अमृत समान वरदान
सहजन जिसे इंग्लिश में Moringa और संस्कृत में शिग्रु कहा जाता है, आयुर्वेद में एक बहुगुणी औषधि मानी जाती है। इसकी पत्तियां, फली, छाल, जड़, बीज सभी औषधीय गुणों से भरपूर होते हैं। सहजन को 'सुपरफूड' की श्रेणी में रखा...
नीबू प्रकृति का अनमोल उपहार है जो शरीर का विशेष ध्यान रखता है
हम सब जानते है की निम्बू का स्वाद खट्टा और तीखा होता है यानी कि यह स्वभाव में अम्लीय होता है जबकि नींबू शरीर मी जाकर अम्लपित्त को शांत करता है और पाचन को बेहतर करता है आयुर्वेदिक दृष्टिकोण आयुर्वेद के अनुसार निम्बू का...
भोजन के बाद कुछ कदम चलने से आपकी सेहत के लिए बड़ा वरदान साबित हो सकता
भोजन के बाद कुछ चलने से आपकी सेहत कितना बड़ा वरदान साबित हो सकता हैआयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान दोनों इस बात पर सहमत है की भोजन के बाद १०० कदम चलना किसी ओषधि से कम नहीं , या कह सकते...




